सही इंसान से मोहब्बत हो जाएं तो वो मौत के मुंह से भी आपको निकाल कर लाएगा। ये दास्तां है अर्पिता और कुशल की। सामाजिक दिखावे, नक़ली भौंकाल माता पिता के सपनों का बोझ, आपसी प्रतिस्पर्धा हर्ष की मौत का कारण बनती है। अपने सपनों को मार कर जीना बहुत मुश्किल है