आपने अक्सर महसूस किया होगा कि कभी कभी आपका दिल ऊँची उड़ान भरना चाहता है, एक परिंदे की तरह आकाश की नयी ऊँचाइयों को छूना चाहता है |परिंदों की बस्ती में हर परिन्दा अपनी अलग रंगत लिए हुए होता है |हमारा दिल भी इन्हीं परिंदों की तरह अपने अंदर अलग-अलग भावनाओं को समेटे रहता है दिल की इन्हीं सब भावनाओं को शब्दों में पिरोकर कविताओं का रूप दिया है | ये कविताएँ आपको अपनी-सी लगें और आपको अपने दिल-परिन्दे से मिलाएँ...यही हमारी उम्मीद और यही हमारा प्रयास है....